Surya Grahan 2025: 29 मार्च 2025 को लगेगा साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें समय और दान के उपाय
नई दिल्ली: ज्योतिष शास्त्र में ग्रहण को अशुभ घटना माना जाता है, क्योंकि इसका प्रभाव लोगों के जीवन पर भी पड़ता है। इस साल 14 मार्च को पहला चंद्र ग्रहण लगा था, और अब 29 मार्च 2025 को साल का पहला सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है। संयोग से इसी दिन चैत्र अमावस्या भी है। माना जाता है कि सूर्य ग्रहण के दौरान कोई भी शुभ या मंगल कार्य नहीं किया जाता, क्योंकि ग्रहण के दुष्प्रभाव से कार्य सफल नहीं होते।
सूर्य ग्रहण 2025 की तिथि और समय
तिथि: 29 मार्च 2025 (शनिवार)
समय:
शुरुआत: दोपहर 2:20 बजे
समाप्ति: शाम 6:16 बजे
हालांकि, यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा, इसलिए सूतक काल मान्य नहीं होगा। ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, जहां ग्रहण दिखाई नहीं देता, वहां इसका धार्मिक प्रभाव भी नहीं होता।
ग्रहण के बाद करें ये जरूरी काम
भले ही यह ग्रहण भारत में न दिखे, लेकिन ज्योतिष के अनुसार इसके नकारात्मक प्रभाव से बचने के लिए कुछ उपाय करने चाहिए।
स्नान करें: ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान करने से तन और मन शुद्ध होते हैं।
दान करें: घर में सुख-समृद्धि और खुशहाली बनाए रखने के लिए दान करना शुभ माना जाता है।
इन चीजों का करें दान
नींबू और पपीता – मान-सम्मान बढ़ाने के लिए
चना, गेहूं, गुड़ और दाल – सूर्य देव की कृपा पाने और सफलता के लिए
केला, बेसन के लड्डू, पेड़ा – आर्थिक स्थिति को मजबूत करने के लिए
मंदिर की सफाई और पूजा – नकारात्मक ऊर्जा से बचाव के लिए
ग्रहण से जुड़े धार्मिक विश्वास
ग्रहण काल में शुभ कार्य वर्जित होते हैं, लेकिन इसके बाद किए गए दान-पुण्य का विशेष महत्व होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण के बाद किए गए ये उपाय जीवन में सकारात्मक ऊर्जा लाते हैं और ग्रहों के अशुभ प्रभाव को कम करते हैं।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी धार्मिक और सामाजिक मान्यताओं पर आधारित है। इसका वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है, इसे आस्था के रूप में देखें।