उत्तर प्रदेश के 46 जिलों में मौसम विज्ञान विभाग ने भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही, 70 जिलों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने का अलर्ट भी जारी किया गया है। पश्चिमी और मध्य यूपी में भारी बारिश की संभावना जताई गई है, जहां 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटा की तेज रफ्तार से हवाएं चलने की उम्मीद है।
आने वाले दो से तीन दिनों तक प्रदेश में भारी बारिश जारी रहने की संभावना है। राज्य के आठ जिलों—फर्रुखाबाद, गोंडा, बलिया, लखीमपुर खीरी, बाराबंकी, मऊ, सीतापुर और देवरिया—में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई है।
मौसम विभाग के अनुसार, इस बार मानसूनी सीजन में 14% कम बारिश दर्ज की गई है। 1 जून से 11 सितंबर तक अनुमानित 665 मिमी बारिश के मुकाबले 571 मिमी बारिश ही रिकॉर्ड की गई। हालांकि, सितंबर माह में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
अत्याधिक भारी बारिश की संभावना:
फर्रुखाबाद, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, शाहजहांपुर और आसपास के इलाकों में।
जबरदस्त बारिश की संभावना:
बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, हरदोई, कन्नौज, कासगंज, एटा, आगरा, फिरोज़ाबाद, मैनपुरी, इटावा, अमरोहा, पीलीभीत, संभल, बदायूं, जालौन, हमीरपुर, महोबा, झाँसी, ललितपुर और आसपास के इलाकों में।
भारी बारिश की संभावना:
बांदा, संत कबीर नगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती, कानपुर देहात, कानपुर नगर, बाराबंकी, सहारनपुर, मुज़फ़्फ़रनगर, बुलन्दशहर, अलीगढ़, मथुरा, हाथरस, औरैया और आसपास के क्षेत्रों में।
मेघ गर्जन एवं वज्रपात की संभावना:
बांदा, चित्रकूट, प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ, आगरा, मेरठ सहित अन्य जिलों में भी वज्रपात की संभावना है।